चूहे मारने की दवा से की गई हत्या, पुलिस की जांच से टूटा राज
देहरादून। राजधानी देहरादून से एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है, जिसमें पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति को मौत के घाट उतार दिया। मामला प्रेम-प्रसंग, साजिश और निर्मम हत्या से जुड़ा है, जिसे बड़ी चालाकी से अंजाम देने की कोशिश की गई, लेकिन पुलिस की तत्परता से पूरा षड्यंत्र उजागर हो गया।
घटना डोईवाला क्षेत्र की है, जहां उज्जवल कॉलोनी, बालावाला गूलरघाटी रोड निवासी हेमलता ने 28 जून को कोतवाली में तहरीर देकर अपने पति नरेंद्र सिंह की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। हेमलता ने बताया कि उसका पति बिना कुछ बताए घर से कहीं चला गया है।
इसी बीच एक जुलाई को गूलरघाटी क्षेत्र की एक नदी में एक अज्ञात शव बरामद हुआ। जांच के दौरान शव की पहचान नरेंद्र सिंह के रूप में की गई। शव की हालत और परिस्थितियां संदिग्ध प्रतीत हुईं, जिससे पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू की।
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों जैसे सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और मोबाइल लोकेशन के आधार पर पड़ताल शुरू की। इस दौरान गुफरान, निवासी नकरौंदा डोईवाला की भूमिका संदिग्ध पाई गई। जब गुफरान से कड़ाई से पूछताछ की गई तो उसने चौंकाने वाले खुलासे किए।
पूछताछ में गुफरान ने स्वीकार किया कि उसने हेमलता के साथ मिलकर नरेंद्र की हत्या की योजना बनाई थी। हेमलता ने ही गुफरान को चूहे मारने की दवा दी, जिसे उसने नरेंद्र की शराब में मिलाया। बाद में नशे की हालत में नरेंद्र को सौंग नदी के किनारे ले जाकर उसका सिर पानी में डुबोकर हत्या कर दी गई और शव को नदी में फेंक दिया गया।
हत्या के बाद शक न हो, इसके लिए हेमलता ने तीसरे दिन पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई, ताकि घटना को सामान्य रूप में पेश किया जा सके।
पूरे घटनाक्रम की पुष्टि होने पर पुलिस ने हेमलता और गुफरान दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। न्यायालय में पेशी के बाद दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
