पत्नी की आंखों में आंसू, थाने में जुटी भीड़, पुलिस की तलाश जारी
छड़ा क्षेत्र पंचायत सदस्य लापता, अपहरण का आरोप; राजनीति गरमाई
कालाढूंगी (नैनीताल)। कोटाबाग ब्लॉक के छड़ा क्षेत्र पंचायत सदस्य कमल भट्ट के अपहरण के मामले ने देर रात राजनीतिक तूल पकड़ लिया। कालाढूंगी थाने में तब माहौल गरमा गया, जब अपहृत कमल भट्ट की पत्नी अपने छोटे बच्चे को गोद में लेकर थाने पहुंची और पुलिस से पति को खोजने की गुहार लगाई। पत्नी के आंसू और बच्चे की बिलखाहट ने वहां मौजूद लोगों को भावुक कर दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस और भाजपा के समर्थक थाने में पहुंच गए और एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाते रहे। देर रात तक थाने का माहौल तनावपूर्ण बना रहा।
सूत्रों के अनुसार, कमल भट्ट हाल ही में छड़ा से क्षेत्र पंचायत सदस्य निर्वाचित हुए थे और उन्होंने भाजपा प्रत्याशी को समर्थन दिया था। माना जा रहा है कि यही समर्थन उनके अपहरण का कारण बना। भाजपा समर्थकों का आरोप है कि घटना राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता का नतीजा है, जबकि कांग्रेस के लोग इसे केवल व्यक्तिगत विवाद बता रहे हैं।
कमल भट्ट के चाचा विपिन भट्ट ने सोमवार को पुलिस में तहरीर देकर आरोप लगाया कि परविंदर सिंह निवासी चकलुवा और संजय बिष्ट निवासी गेबुआ ने उनके भतीजे का अपहरण किया है। उन्होंने बताया कि कमल भट्ट सोमवार दोपहर से लापता हैं और उनका मोबाइल फोन भी बंद है।
कालाढूंगी थानाध्यक्ष विजय मेहता ने बताया कि नामजद आरोपियों के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीमें आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही हैं और जल्द ही मामले का खुलासा करने का दावा किया गया है। देर रात तक अपहृत कमल भट्ट का कोई सुराग नहीं मिला था, लेकिन सीमावर्ती इलाकों और मुख्य मार्गों पर चेकिंग अभियान तेज कर दिया गया है।
छड़ा और आसपास के गांवों में इस घटना को लेकर लोगों में गुस्सा और भय है। क्षेत्र के बुजुर्गों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं पहले कभी नहीं हुईं और यह लोकतांत्रिक व्यवस्था पर सीधा हमला है। राजनीतिक दलों के स्थानीय नेता थाने में डटे हुए हैं और एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं, जिससे हालात और गरमा गए हैं।
