क्वारब डेंजर जोन की बदहाली से जनता नाराज़, मशाल जुलूस व हस्ताक्षर अभियान से जताया विरोध
अल्मोड़ा। पहाड़ के तीन जिलों की जीवन रेखा कहे जाने वाले अल्मोड़ा-हल्द्वानी राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित क्वारब डेंजर जोन की बदहाली को लेकर लोगों का आक्रोश उभर कर सामने आया है। सोमवार को प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल और विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़े लोगों ने नंदा देवी मंदिर परिसर से थाना बाजार तक मशाल जुलूस निकाला और प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि क्वारब क्षेत्र पिछले एक वर्ष से लगातार पहाड़ी दरकने और भूस्खलन की चपेट में है। इससे राष्ट्रीय राजमार्ग पर अक्सर यातायात बाधित हो जाता है और यात्रियों को अपनी जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ता है। प्रशासन ने यहां भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है, जिसके कारण व्यापारियों पर सीधा असर पड़ा है। खाद्यान्न, सब्जी और भवन निर्माण सामग्री तक महंगी हो गई है, जिससे आम जनता की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है।
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि स्थायी समाधान की मांग लंबे समय से उठ रही है, लेकिन प्रशासन और संबंधित विभाग उदासीन रवैया अपना रहे हैं। इसका खामियाजा केवल अल्मोड़ा ही नहीं, बल्कि बागेश्वर और पिथौरागढ़ के लोग भी भुगत रहे हैं।
व्यापारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया और क्वारब में सभी वाहनों की आवाजाही सुचारू नहीं की गई तो अल्मोड़ा और बागेश्वर की बाजारें बंद कर कड़ा विरोध किया जाएगा।
इसी मुद्दे पर व्यापारियों ने सोमवार को खजांची बाजार में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया और मांग की कि क्वारब डेंजर जोन में 24 घंटे सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करने के लिए तत्काल स्थायी कदम उठाए जाएं।
