Spread the love

ऑनलाइन बदनामी का ऑफलाइन खौफनाक अंजाम — सोशल मीडिया विवाद में एक की जान गई

उधमसिंहनगर। उत्तराखंड के उधमसिंहनगर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। सोशल मीडिया पर फेक आईडी बनाकर महिला की पुरानी फोटो वायरल करने के विवाद ने इतना भयावह रूप ले लिया कि मामला खूनी संघर्ष में बदल गया। विवाद सुलझाने पहुंचे ससुर की लाठी-डंडों और औजारों से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई, जबकि सास और एक पारिवारिक मित्र गंभीर रूप से घायल हो गए।

घटना नानकमत्ता थाना क्षेत्र के हरीनगर कॉलोनी सिद्धा की है। पीड़िता सोनी पत्नी शंकर विश्वास ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनके पड़ोसी विशाल विश्वास, आशीष विश्वास और विकास विश्वास, जो विद्युत विश्वास के पुत्र हैं, ने उनकी पुरानी तस्वीर को एडिट कर फेक आईडी बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।

गुरुवार रात करीब नौ बजे जब सोनी को इस बात की जानकारी मिली तो उन्होंने अपने ससुर नितिन अरोड़ा उर्फ निक्कू (46 वर्ष) और देवर दलजीत सिंह को पूरी घटना बताई। इसके बाद नितिन अरोड़ा अपनी पत्नी अनीता विश्वास, बहू सोनी, देवर दलजीत सिंह और मित्र मनजीत सिंह (निवासी इटौआ) के साथ आरोपियों के घर मामले को सुलझाने पहुंचे।

वहीं बात-बात में विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने लाठी-डंडों और वसूली (ईंट तोड़ने वाले औजार) से सभी पर हमला कर दिया। हमले में नितिन अरोड़ा के सिर पर जोरदार वार किया गया, जिससे वे मौके पर ही गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़े। अन्य लोगों को भी चोटें आईं।

घायल नितिन को परिजनों ने तुरंत सीएचसी नानकमत्ता पहुंचाया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें सितारगंज और बाद में रुद्रपुर के निजी अस्पताल रेफर किया गया। इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया और पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।

इस हमले में अनीता विश्वास और मनजीत सिंह भी गंभीर रूप से घायल हैं, जिनका उपचार जारी है।

सीओ खटीमा विमल रावत ने बताया कि घटना को लेकर पुलिस ने पति-पत्नी समेत तीन बेटों — कुल पांच नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या और मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। सभी आरोपी फिलहाल फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों द्वारा लगातार छापेमारी की जा रही है।

पुलिस का कहना है कि यह मामला सोशल मीडिया के दुरुपयोग और निजी रंजिश का खतरनाक उदाहरण है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि किसी भी विवाद को सोशल मीडिया पर न बढ़ाएँ, बल्कि कानूनी तरीके से समाधान करें।


Spread the love