घर बैठे कमाई का लालच बना ठगी का जाल
देहरादून में कारोबारी और महिला दोनों बने साइबर जालसाजों के शिकार
देहरादून। साइबर ठगों की गतिविधियां एक बार फिर राजधानी में सक्रिय हो गई हैं। साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन की प्राथमिक जांच के बाद सेलाकुई और रायपुर थाना क्षेत्रों में दो अलग-अलग साइबर ठगी के मामलों में मुकदमे दर्ज किए गए हैं। दोनों मामलों में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और आरोपितों की तलाश की जा रही है।
पहला मामला: फार्मास्युटिकल कंपनी के संचालक से ठगी
पहला मामला सेलाकुई स्थित पीरा फार्मास्यूटिकल प्राइवेट लिमिटेड के संचालक विजय लाजरस से जुड़ा है। उन्होंने पुलिस को बताया कि भुवना, सानुषा, विवेक और अमित नामक व्यक्तियों ने खुद को हालवर्ग डायमंड कंपनी का कर्मचारी बताते हुए उनसे संपर्क किया। आरोपितों ने कंपनी के प्रोडक्ट को प्रमोट करने के नाम पर टास्क पूरा कराने की बात कहकर ₹11,840 अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए।
यह धोखाधड़ी 7 अक्टूबर से 6 दिसंबर 2024 के बीच की गई।
सेलाकुई थानाध्यक्ष पीडी भट्ट ने बताया कि इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और जांच की जिम्मेदारी सहसपुर थाना प्रभारी निरीक्षक शंकर बिष्ट को सौंपी गई है।
दूसरा मामला: टेलीग्राम ग्रुप से जुड़कर महिला से ठगी
दूसरा मामला रायपुर निवासी ज्योति टम्टा के साथ घटित हुआ। उन्होंने बताया कि 7 जुलाई 2025 को एक अज्ञात व्यक्ति ने टेलीग्राम एप के माध्यम से उनसे संपर्क कर एक अज्ञात ग्रुप में जोड़ दिया। आरोपितों ने उन्हें कुछ घंटे काम करके अमीर बनने का झांसा दिया।
पीड़िता के अनुसार, उन्हें एक लिंक भेजा गया जिसे फॉलो और शेयर करने के बाद स्क्रीनशॉट भेजने पर ₹1500 का भुगतान किया गया। इसके बाद एक और लिंक भेजकर यूपीआई आईडी और बैंक खाते की जानकारी मांगी गई। जैसे ही पीड़िता ने जानकारी साझा की, उनके खाते से ₹1,160 की कटौती कर ली गई और फिर उन्हें ग्रुप से हटा दिया गया।
