चमोली की छात्राओं को नंदा गौरा योजना का लाभ न मिलने पर हाईकोर्ट सख्त, एक सप्ताह में जवाब तलब
नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने चमोली जिले की छात्राओं को केंद्र सरकार की नंदा गौरा योजना का लाभ न दिए जाने के मामले में जिला कार्यक्रम अधिकारी एवं निदेशक महिला सशक्तीकरण से एक सप्ताह के भीतर कारण बताने को कहा है। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई एक सप्ताह बाद निर्धारित की है।
अधिवक्ता डी.सी.एस. रावत ने बताया कि चमोली जिले की सामाजिक कार्यकर्ता ममता नेगी ने उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दाखिल की है। याचिका में कहा गया कि शैक्षणिक सत्र 2022-23 में जिले की 439 छात्राओं ने 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की थी और उन्होंने नंदा गौरा योजना के तहत उच्च शिक्षा के लिए मिलने वाली 51 हजार रुपये की सहायता राशि प्राप्त करने हेतु सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली थीं।
याचिका के अनुसार, इसके बावजूद अब तक इन छात्राओं के खातों में धनराशि हस्तांतरित नहीं की गई है, जिसके चलते उन्हें उच्च शिक्षा ग्रहण करने में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
