Aanchal Dugdh Sangh द्वारा रजत जयंती पर नौ दिवसीय आयोजन
लालकुआं नैनीताल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड, जिसे आमतौर पर “Aanchal Dugdh Sangh (आँचल दुग्ध संघ)” के नाम से जाना जाता है, उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस की रजत जयंती के उपलक्ष्य में 1 नवम्बर से 9 नवम्बर तक भव्य नौ दिवसीय उत्सव आयोजित कर रहा है। यह आयोजन दुग्ध विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा के मार्गदर्शन में होगा। इन आयोजनों में निःशुल्क दूध वितरण, साइकिल रेस, स्वास्थ्य शिविर, सांस्कृतिक संध्या, तथा महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम शामिल हैं, जिनका उद्देश्य दुग्ध उत्पादकों और उपभोक्ताओं को शुद्ध दुग्ध उत्पादन, पोषण और सहकारिता की भूमिका के प्रति जागरूक करना है।
स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और खेल से जुड़ी विविध गतिविधियाँ
कार्यक्रमों की शुरुआत 1 नवम्बर को सोबन सिंह जीना बेस चिकित्सालय और राजकीय महिला चिकित्सालय हल्द्वानी में मरीजों को निःशुल्क आँचल दूध वितरण से होगी। इसी दिन संघ मुख्यालय लालकुआं में महिला दुग्ध उत्पादकों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर और गोष्ठी आयोजित की जाएगी।
2 नवम्बर को रामनगर और कालाढूंगी में महिला दुग्ध समितियों की गोष्ठियाँ होंगी, जिनमें मुख्य अतिथि के रूप में विधायक दीवान सिंह बिष्ट और बंशीधर भगत शामिल रहेंगे। इसके बाद 3 नवम्बर से 8 नवम्बर तक जनसंपर्क अभियान, दुहान कार्यक्रम, पशु चिकित्सा शिविर, साइकिल रेस, उपभोक्ता जागरूकता दिवस और सांस्कृतिक संध्या जैसे कार्यक्रम आयोजित होंगे।
9 नवम्बर को राज्य स्थापना दिवस पर मुख्य समारोह में उत्कृष्ट दुग्ध उत्पादकों, समितियों और कर्मचारियों को सम्मानित किया जाएगा।
आँचल परिवार का राज्य को समर्पित उत्सव
संघ के अध्यक्ष मुकेश बोरा ने बताया कि “यह रजत जयंती पर्व केवल उत्सव नहीं, बल्कि किसानों, पशुपालकों और महिलाओं की मेहनत का प्रतीक है। आँचल ब्रांड उत्तराखंड की पहचान है और इसके माध्यम से समाज के हर वर्ग तक दुग्ध सहकारिता की महत्ता पहुंचाई जा रही है।”
उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, दुग्ध विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा, तथा सचिव डेयरी विकास विभाग बी. आर. बी. पुरुषोत्तम के निर्देशन में संघ लगातार जनकल्याणकारी योजनाओं को दुग्ध उत्पादकों तक पहुंचाने में कार्यरत है।
उत्साह और जागरूकता का संगम
यह नौ दिवसीय आयोजन “स्वास्थ्य, सहयोग और सहकारिता” की भावना को समर्पित है। जनपद नैनीताल से लेकर राज्यभर के दुग्ध उत्पादक इसमें सक्रिय रूप से भाग ले रहे हैं। आँचल परिवार इस आयोजन को राज्यव्यापी आंदोलन के रूप में मना रहा है ताकि दुग्ध उद्योग को नई पहचान मिल सके।
