कांवड़ यात्रा के दौरान ठगी रोकने का अभियान जारी
देहरादून/हरिद्वार/रुद्रपुर, 13 जुलाई 2025: उत्तराखंड पुलिस ने कांवड़ यात्रा के मद्देनजर ठगी और धोखाधड़ी रोकने के लिए ‘ऑपरेशन कालनेमि’ अभियान तेज कर दिया है। इस अभियान के तहत अब तक देहरादून, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जिलों से कुल 127 ऐसे व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया है जो साधु या बाबा का वेश धारण कर भोले-भाले लोगों को ठग रहे थे।
पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान के तहत विशेष टीमें बनाकर विभिन्न स्थानों पर सत्यापन और धरपकड़ जारी है।
देहरादून में 61 ढोंगी बाबा गिरफ्तार, बांग्लादेशी नागरिक भी पकड़ा गया
अधिकारियों के अनुसार, देहरादून जिले में पिछले दो दिनों में करीब 61 ढोंगी बाबाओं को गिरफ्तार किया गया है। इनमें से 17 अकेले ऋषिकेश से हिरासत में लिए गए हैं। एक चौंकाने वाले खुलासे में, देहरादून जिले के सहस्रपुर क्षेत्र से एक बांग्लादेशी नागरिक को भी गिरफ्तार किया गया, जो छद्म भेष में बाबा बनकर रह रहा था। पुलिस और अन्य एजेंसियों की संयुक्त पूछताछ में आरोपी ने अपनी पहचान ‘रकम’ बताते हुए कहा कि वह बांग्लादेश के ढाका के पास टांगाइल जिले का रहने वाला है और लगभग छह-सात महीने पहले चोरी-छिपे विभिन्न स्थानों से होते हुए देहरादून पहुंचा था। सहस्रपुर पुलिस थाने के एक अधिकारी ने बताया कि कड़ी पूछताछ के बाद रकम को गिरफ्तार किया गया।
देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, अजय सिंह ने जानकारी दी कि शनिवार को जिले के विभिन्न स्थानों से 23 ऐसे लोगों को गिरफ्तार किया गया जो कथित रूप से साधु बनकर लोगों को ठग रहे थे। उन्होंने यह भी बताया कि शुक्रवार को देहरादून और हरिद्वार से कुल 38 ऐसे बाबाओं को गिरफ्तार किया गया था।
मुख्यमंत्री पोर्टल पर मिली थी ठगी की शिकायतें
पुलिस को मुख्यमंत्री पोर्टल और अन्य माध्यमों से लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ ढोंगी व्यक्ति, जिनके पास कोई धार्मिक ज्ञान नहीं है, साधु-बाबा बनकर विशेष रूप से महिलाओं और बुजुर्गों को डरा-धमकाकर या उन पर अनुचित दबाव डालकर उन्हें अपने वश में करने और ठगने का प्रयास कर रहे हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सिंह ने जोर देकर कहा कि इस समय प्रदेश में चल रही चारधाम यात्रा और आज से शुरू हो रही कांवड़ यात्रा का फायदा उठाकर ऐसे ढोंगी और सक्रिय हो गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे सभी व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
ऊधमसिंह नगर में 66 संदिग्ध पीर-फकीर हिरासत में
उधर, ऊधमसिंह नगर जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा ने बताया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों से 66 संदिग्ध पीर-फकीरों और साधुओं को हिरासत में लिया गया है। मिश्रा ने कहा, “ये सभी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त थे और लोगों का शारीरिक, मानसिक या वित्तीय शोषण कर रहे थे।”
‘ऑपरेशन कालनेमि’ का उद्देश्य धार्मिक आस्थाओं की आड़ में होने वाली ठगी और धोखाधड़ी पर लगाम लगाना है, खासकर ऐसे समय में जब बड़ी संख्या में श्रद्धालु धार्मिक यात्राओं के लिए उत्तराखंड पहुंच रहे हैं।
