पटवारी पर उत्पीड़न का आरोप: प्रॉपर्टी डीलर की आत्महत्या के बाद कोतवाली के बाहर हंगामा
हल्द्वानी। जहरीला पदार्थ खाने से प्रॉपर्टी डीलर की मौत के बाद सोमवार रात लालकुआं कोतवाली के बाहर माहौल तनावपूर्ण हो गया। परिजनों और ग्रामीणों ने शव को कोतवाली के बाहर रखकर जमकर नारेबाजी की और आरोपी पटवारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। करीब साढ़े तीन घंटे तक चले इस प्रदर्शन के कारण पुलिस-प्रशासन को मौके पर जूझना पड़ा।
दुम्काबंगर बच्चीधर्मा पोस्ट हल्दूचौड़ निवासी 54 वर्षीय महेश जोशी, जो प्रॉपर्टी डीलर थे, 20 सितम्बर को तहसील पार्किंग में अपनी कार के पास बेहोशी की हालत में मिले थे। उनके बेटे विनय ने बताया कि कार में ही उन्होंने जहरीला पदार्थ खा लिया था। लोगों ने उन्हें तुरंत एसटीएच हल्द्वानी पहुंचाया, जहां से हालत गंभीर होने पर बरेली रेफर किया गया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
परिजनों के अनुसार मृतक की जेब से सुसाइड नोट मिला, जिसमें तहसील की पटवारी पूजा रानी और कुछ अन्य कर्मचारियों का जिक्र है। आरोप है कि पटवारी के उत्पीड़न से परेशान होकर महेश जोशी ने यह कदम उठाया।
सोमवार रात कोतवाली परिसर में बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन एकत्र हुए। शव रखकर प्रदर्शन किया गया और पटवारी की गिरफ्तारी की मांग की गई। कोतवाल दिनेश फत्र्याल समेत पुलिस अधिकारियों ने लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। हालात बिगड़ते देख मौके पर सिटी मजिस्ट्रेट गोपाल चौहान, एसडीएम रेखा कोहली, तहसीलदार मनीषा बिष्ट, सीओ दीपशिखा अग्रवाल और विधायक डॉ. मोहन बिष्ट पहुंचे।
विधायक डॉ. बिष्ट ने कहा कि आरोपी पटवारी के खिलाफ पूर्व में भी शिकायतें आई थीं। तहसील दिवस पर एसडीएम को इस संबंध में लापरवाही का संज्ञान लेने और वेतन रोकने की कार्रवाई करने के लिए भी कहा गया था। उन्होंने कहा कि अब निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।
कोतवाल दिनेश फत्र्याल ने बताया कि पटवारी पूजा रानी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उन्हें रामनगर कोतवाली में हिरासत में लेकर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पूछताछ की गई। विभाग ने तत्काल प्रभाव से उनका ट्रांसफर कर मुख्यालय से अटैच कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर निलंबन समेत आगे की कार्रवाई की जाएगी।
