एंजेल चकमा हत्याकांड: 25 दिन से फरार आरोपी, बर्फबारी बनी ‘सेफ शील्ड’, पुलिस बेबस!
देहरादून। उत्तराखंड की कानून व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। एंजेल चकमा हत्याकांड का मुख्य आरोपी यज्ञराज अवस्थी 25 दिन बीतने के बाद भी पुलिस की पकड़ से बाहर है। भारत-नेपाल सीमा से सटे पहाड़ी इलाकों में हो रही भारी बर्फबारी आरोपी के लिए ढाल बन गई है, जबकि दून पुलिस का सर्च ऑपरेशन मौसम के आगे बेबस नजर आ रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, वारदात के बाद से ही आरोपी सीमा क्षेत्र में छिपा हुआ है। दुर्गम पहाड़, बर्फ से ढके रास्ते और जानलेवा ठंड ने पुलिस की घेराबंदी को तोड़ दिया। हालात ऐसे बने कि कई पुलिस टीमों को अभियान बीच में ही रोककर लौटना पड़ा। अब सवाल यह है कि क्या मौसम अपराधियों का नया साथी बनता जा रहा है?
मामला 9 दिसंबर का है, जब सेलाकुई थाना क्षेत्र में मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया। त्रिपुरा निवासी छात्र एंजेल चकमा और उसके भाई माइकल चकमा पर बेरहमी से हमला किया गया। आरोप है कि विवाद के दौरान एक युवक पास की दुकान से चाकू उठाकर एंजेल पर टूट पड़ा। जिंदगी और मौत से जूझते एंजेल ने 26 दिसंबर को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
पुलिस ने इस हत्याकांड में कुल छह आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया था। पांच आरोपी सलाखों के पीछे हैं, जिनमें दो नाबालिग भी शामिल हैं, लेकिन मुख्य आरोपी यज्ञराज अवस्थी अब भी फरार है। हैरानी की बात यह है कि आरोपी ने घटना के बाद से अपना मोबाइल फोन तक चालू नहीं किया, न परिवार से संपर्क किया, न दोस्तों से — जिससे पुलिस के हाथ खाली हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए दून पुलिस ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर नेपाल सरकार से भी सीधा समन्वय किया है। नेपाल पुलिस के साथ संपर्क बना हुआ है, लेकिन बर्फबारी ने बॉर्डर पर चल रहे हर प्रयास को ठंडे बस्ते में डाल दिया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह का कहना है कि मौसम सामान्य होते ही सर्च ऑपरेशन दोबारा तेज किया जाएगा।
