छह साल पूरे बच्चे ही स्कूलों में कक्षा 1 में प्रवेश पाएंगे, शिक्षा सचिव ने किया स्पष्ट
देहरादून। प्रदेश में कक्षा एक में प्रवेश की आयु को लेकर लंबे समय से चल रहे भ्रम और असमंजस को अब समाप्त कर दिया गया है। शिक्षा सचिव रविनाथ रमन ने बुधवार को स्पष्ट किया कि सरकारी स्कूलों में कक्षा एक में दाखिला लेने के लिए बच्चे की आयु एक जुलाई को छह वर्ष पूरी हो चुकी होना अनिवार्य है।
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उन्होंने यह भी बताया कि सीबीएसई और आईसीएसई से मान्यता प्राप्त प्राइवेट स्कूलों में दाखिले के लिए अब भी पहले की तरह एक अप्रैल को छह वर्ष का मानक लागू रहेगा।
रमन ने कहा कि आरटीई (राइट टू एजुकेशन) अधिनियम के तहत कक्षा एक में प्रवेश के लिए छह वर्ष की आयु जरूरी है। हालांकि, सरकारी स्कूलों में इस आयु मानक को लेकर कई जगह दिक्कतें सामने आ रही थीं। शिक्षकों और अभिभावकों ने लंबे समय से स्पष्टता की मांग की थी।
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शिक्षा सचिव ने बताया कि उत्तराखंड की भौगोलिक और विशेष परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने आयु मानक में विशेष रियायत दी है। इसका उद्देश्य बच्चों के प्रवेश में किसी प्रकार की बाधा न आने देना और स्कूलों में समुचित व्यवस्था बनाए रखना है।
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