हल्द्वानी में सड़क सुरक्षा पर DM ललित मोहन रयाल का कड़ा रुख: तीनपानी बाईपास मार्ग पर बदलेंगे इंतजाम, गलत दिशा में गाड़ी दौड़ाई तो होगी जेल! 👇
हल्द्वानी/नैनीताल: उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ते सड़क हादसों को रोकने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। जिलाधिकारी नैनीताल श्री ललित मोहन रयाल की अध्यक्षता में शनिवार को जिलाधिकारी कैंप कार्यालय हल्द्वानी में जिला सड़क सुरक्षा समिति की एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में हाल ही में तीनपानी बाईपास मार्ग पर लगातार बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं की गंभीरता पर विचार करते हुए तत्काल धरातल पर सुधारात्मक विधिक कदम उठाने के कड़े निर्देश दिए गए हैं।
ब्लैक-स्पॉट पर लगेंगी सेंसर एलईडी लाइटें, रम्बल स्ट्रिप से थमेगी रफ्तार
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने संवेदनशील मार्गों पर चिन्हित ‘ब्लैक स्पॉट’ (दुर्घटना-सम्भाव स्थल) की पहचान कर उन्हें तुरंत विधिक रूप से सुधारने के आदेश दिए। उन्होंने सड़कों पर स्पष्ट चेतावनी और साइन-बोर्ड, गति सीमा नियंत्रण बोर्ड, क्रैश बैरियर, पैराफिट निर्माण और स्पीड ब्रेकर लगाने के निर्देश दिए। रात के समय विजिबिलिटी बढ़ाने के लिए सेंसर-युक्त एलईडी स्ट्रीट लाइट, परावर्तक (रिफ्लेक्टिव) साइनिंग बोर्ड, कैमरे लगाने तथा सड़कों पर रम्बल स्ट्रिप की संख्या बढ़ाने के निर्देश भी जारी किए गए, ताकि हादसों में कमी लाई जा सके।
ओवरस्पीड और रॉन्ग साइड चलने वालों पर BNS की धारा 281 के तहत होगी जेल
जिलाधिकारी ने इन विधिक निर्देशों के अनुपालन के लिए तत्काल कार्यवाही के आदेश एनएच (NH) एवं एनएचएआई (NHAI) के अधिकारियों को मौके पर ही दिए। उन्होंने पुलिस विभाग को पीक आवर्स में पेट्रोलिंग बढ़ाने तथा परिवहन विभाग को सप्ताह में कम से कम दो दिनों तक विशेष चेकिंग अभियान चलाने का निर्देश दिया। रॉन्ग साइड (गलत दिशा) से वाहन चलाने वालों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के तहत चालान, लाइसेंस निलंबन, वाहन सीज और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 के तहत कड़ी दंडात्मक व वैधानिक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है।
यह भी पढ़ें 👉 हल्द्वानी में बड़ा एक्शन: 70 नोटिसों के बाद गरजा बुलडोजर, नाले पर बने दर्जनभर अवैध निर्माण ध्वस्त
क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के लिए 10 लाख रुपये स्वीकृत
सड़क सुरक्षा को बेहतर करने के क्रम में जिलाधिकारी ने कोसी, अमृतपुर व गौला क्षेत्र में भारी खनिज वाहनों से क्षतिग्रस्त हुए मार्गों की त्वरित विधिक मरम्मत करने के निर्देश लोनिवि (PWD) के अधिकारियों को दिए। इसके लिए खनिज न्याय निधि से ₹10 लाख की धनराशि विधिक रूप से स्वीकृत की गई है। जिलाधिकारी ने अधिकारियों से स्पष्ट कहा कि संवेदनशील मार्गों व चिन्हित ब्लैक-स्पॉट का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करते हुए गति सीमा नियंत्रण को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए।
यह भी पढ़ें 👉 स्कूल परिसर में प्रधानाचार्य की चाकू मारकर हत्या, आरोपी कर्मचारी गिरफ्तार
सड़क हादसे के घायलों को मिलेगा ₹1.5 लाख तक का कैशलेस विधिक इलाज
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी कल्याणकारी योजना का हवाला देते हुए एक बड़ी राहत भरी विधिक जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल किसी भी व्यक्ति को दुर्घटना के दिन से 7 दिनों तक अथवा ₹1.5 लाख तक का पूर्णतः कैशलेस उपचार (Cashless Treatment) प्रदान किया जाएगा, ताकि समय पर इलाज न मिलने के कारण किसी भी नागरिक की जान न जाए।
यह भी पढ़ें 👉 बाजपुर सिविल कोर्ट का नायब नाजिर ₹3,500 रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार, कोर्ट परिसर में मची खलबली! 👇
खुद सड़क पर उतरे DM ललित मोहन रयाल, बिना हेलमेट वालों को पहनाए हेलमेट
सड़क सुरक्षा के तहत दोपहिया वाहन चालकों में हेलमेट जागरूकता बढ़ाने के दृष्टिगत जिलाधिकारी स्वयं धरातल पर सड़क पर उतरे। उन्होंने बिना हेलमेट दोपहिया चला रहे व्यक्तियों का विधिक चालान कराया और परिवहन विभाग द्वारा उन्हें मौके पर ही हेलमेट वितरित करवाए। जिलाधिकारी ने चालकों को स्वयं अपने हाथों से हेलमेट पहनाकर आगे से कभी भी बिना हेलमेट वाहन न चलाने की सख्त विधिक हिदायत दी। उन्होंने अभिभावकों से भी भावुक व विधिक अपील की कि वे किसी भी दशा में नाबालिगों को वाहन चलाने की अनुमति न दें।
👉 देवभूमि जन हुंकार व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें
👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ को लाइक करें
👉 यूट्यूब चैनल सब्स्क्राइब करें


